हिंदी कहानी संग्रह

वे कहानियाँ जो नज़दीकियों, सही समय और अनकही भावनाओं की धड़कन को पकड़ती हैं।

धीरे-धीरे बढ़ते लगाव, बारिश में लौटती मुलाक़ातों, चुप रहकर भी बहुत कुछ कह देने वाले रिश्तों और दिल में देर तक ठहर जाने वाले पलों का यह एक सधा हुआ संग्रह है।

20 लंबी कहानियाँ प्यार और भावना हर हफ्ते नया पाठ
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नासिक के कॉलेज फेस्ट में स्टेज लाइट्स और फोटो बूथ के पास खड़े दो छात्र
नासिक के कॉलेज फेस्ट में बिना नाम का रिश्ता
फेस्ट की रोशनी में सब कुछ साफ था—कौन किसके साथ है, कौन किसे देख रहा है, कौन किससे बच रहा है। धुंधला सिर्फ अनाया और विराज का रिश्ता था, जो दोस्ती से आगे बढ़ चुका था, पर दोनों में से कोई उसे नाम देने की हिम्मत नहीं कर पा रहा था।

नई कहानियाँ

ताज़ा भावनात्मक और रिश्तों की कहानियाँ, जिनमें शहर, लोग, झिझक, चाहत और याद रह जाने वाले पल बराबरी से मौजूद हैं।

इंदौर के एक आधुनिक स्टार्टअप ऑफिस में रात के समय लैपटॉप और कॉफी मग के बीच बैठे दो सहकर्मी

इंदौर के स्टार्टअप वॉर रूम में मैच-नाइट की चुहल से खुला दिल का सबसे मुश्किल सच

मैच-नाइट के लाइव चैट, मीम्स और ऑफिस ग्रुप की हँसी के बीच शुरू हुई बातचीत धीरे-धीरे इतनी गहरी हो गई कि प्रोडक्ट रोडमैप से ज़्यादा जरूरी उनकी अपनी अधूरी कहानी लगने लगी। इंदौर की उस रात में ठंडी कॉफी, काँच की दीवारें और रुक-रुक कर बजती नोटिफिकेशन ध्वनियाँ उनके बीच की चुप्पी को खोलती चली गईं।

बेंगलुरु एयरपोर्ट के बाहर शाम की रोशनी में ट्रॉली के पास खड़े दो लोगों का उदास दृश्य

एयरपोर्ट पिकअप के बाद जो रिश्ता नाम मांगने लगा

वह उसे लेने एयरपोर्ट आया था, जैसे कुछ टूटा ही न हो। लेकिन ट्रॉली के पास खड़ी वह लड़की अब वही नहीं थी जो हर अनकही बात को प्यार समझ लेती थी। रास्ते भर बेंगलुरु की रोशनी, पुराने स्क्रीनशॉट, UPI split की एक छोटी-सी शर्म और एक बड़े सवाल ने उनका पीछा किया—क्या हर नज़दीकी को नाम चाहिए, या बिना नाम के वही धीरे-धीरे खत्म हो जाती है?

भोपाल के गरबा प्रैक्टिस हॉल में रोशनी के बीच डांडिया पकड़े खड़े दो युवा

गरबा प्रैक्टिस, soft launch और बीच में अटकी हुई हाँ

गरबा के हर round के बीच उनके पास दो-दो मिनट की बातचीत होती थी, लेकिन वही दो मिनट पूरे दिन पर भारी पड़ते थे। एक आधी दिखाई गई इंस्टाग्राम स्टोरी, दोस्तों के अंदाज़े और पुराने टूटे भरोसे के बीच काव्या को समझ नहीं आ रहा था कि अंशुमान उसे अपने जीवन में जगह दे रहा है या बस किसी खूबसूरत frame में रख रहा है।

“कहानियाँ उन्हीं रोज़मर्रा की जगहों के आसपास ठहरती हैं जहाँ दिल अक्सर सबसे ज़्यादा सच बोलता है — ऑफिस, सफ़र, बारिश, शादी की हलचल, कॉफी ब्रेक और वे लंबी चुप्पियाँ जिनमें रिश्ते अपना रूप बदलते हैं।”

दिल की कहानी